इस्‍लामाबाद उच्‍च न्‍यायालय ने आज लखवी की रिहाई का आदेश दिया।

भारत ने पाकिस्‍तान से जकीउर रहमान लखवी को जेल में ही बंद रखने के लिए सभी कानूनी उपाय करने को कहा है। गृह राज्‍यमंत्री किरेन रिजिजू ने आज नई दिल्‍ली में कहा कि पाकिस्‍तान को यह समझना चाहिए कि आतंकवादी अच्‍छे या बुरे नहीं होते।

लखवी के खिलाफ सभी सबूत जिनसे यह साबित होता है कि वह मुंबई में हुए हमलों में शामिल था, पाकिस्‍तानी एजेंसियों ने सही तरीके से पाकिस्‍तान की अदालत में पेश नहीं किये। यह पाकिस्‍तान सरकार की जिम्‍मेदारी है कि वह सभी कानूनी कदम उठाये ताकि वह जेल से बाहर न आने पाये।

 पाकिस्‍तान की एजेंसियों ने अदालत में लखवी के खिलाफ सबूत ठीक ढंग से पेश नहीं किये। इससे पहले आज इस्‍लामाबाद उच्‍च न्‍यायालय ने मुम्‍बई आतंकी हमले की साजिश रचने वाले जकीउर रहमान लखवी को हिरासत में रखने के आदेश को गैरकानूनी बताते हुए उसकी रिहाई के आदेश दिये हैं। पाकिस्‍तान के समाचारपत्र एक्‍सप्रैस न्‍यूज ने खबर दी है कि इस्‍लामाबाद जिला प्रशासन की अधिसूचना को आज न्‍यायमूर्ति नुरूल हक ने अवैध करार दिया। न्‍यायमूर्ति हक ने तीसरी बार के हिरासत आदेशों के विरूद्ध लखवी की अपील स्‍वीकार करते हुए उसे तुरन्‍त छोड़ने के आदेश दिए। लखवी 2008 में हुए मुम्‍बई आतंकी हमले की योजना बनाने, कार्यान्वित करने और इसके लिए वित्‍तीय सहायता देने का आरोपी है। आतंकवाद रोधी एक अदालत से जमानत मिलने के तुरन्‍त बाद इस्‍लामाबाद के उपायुक्‍त ने पिछले वर्ष 18 दिसम्‍बर को शांति व्‍यवस्‍था बनाए रखने के तहत लखवी को हिरासत में रखने का आदेश दिया था,जिसकी अवधि तीन बार बढ़ाई जा चुकी है। इस समय लखवी रावलपिंडी की अदियाला जेल में बंद है।