किसान आंदोलन की आंच राजस्थान तक पहुंची, दूध आैर सब्जी फैलाकर प्रदर्शन

जयपुर.मध्य प्रदेश के किसान आंदोलन का मामला अब प्रदेश में पहुंचा गया है। रविवार को अलग-अलग शहरों में किसानों ने अपने तरीके आंदोलन का समर्थन करते हुए विरोध दर्ज कराया। सीकर, अजीतगढ़ व अलवर में किसानों ने दूध और सब्जी सड़क पर फैलाकर प्रदर्शन किया। कई गांवों में बंद रखा गया। कई जगह किसानों की पंचायतें और महापंचायतें हुई, किसान संघर्ष समितियों द्वारा जगह- जगह जनसंपर्क किए जा रहे है ताकि विरोध प्रदर्शन दर्ज कराएं जा सकें। किसानों के पक्ष में रविवार को सीकर में दूध उत्पादकों ने नालियों में दूध बहाकर प्रदर्शन करके अपना विरोध दर्ज कराया।
सीकर अजीतगढ़ में किसान हितों पर किसानों की महापंचायत हुई। किसानों ने सरकार का विरोध किया तथा रविवार को दूध, अनाज, सब्जी गांवों और ढाणियों से बाहर नहीं जाने दिया। किसान महापंचायत प्रदेश सचिव सुंदर भांवरिया के नेतृत्व में क्षेत्र के गांव घाटमदासवाली में किसान महापंचायत के तत्वावधान में दूध उत्पादकों ने सड़कों पर दूध बहाकर विरोध जताया।
15 को संभाग स्तर पर महापड़ाव करेंगे किसान
भारतीय किसान संघ की ओर से 15 जून को किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर संभाग स्तरीय महापड़ाव डाला जाएगा। भरतपुर के जिलाध्यक्ष अजमेर सिंह ने बताया कि स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू किए जाने सहित कई मांगों के समर्थन में कलेक्ट्रेट पर अनिश्चतकालीन धरना दिया जाएगा।
उधर गंगनहर किसान समिति के प्रवक्ता संतवीरसिंह मोहनपुरा ने बताया कि ऑल इंडिया किसान यूनियन महासंघ की रविवार को जयपुर में हुई बैठक में हुए निर्णय के अनुसार जिले के किसान 15 जून तक सभी तहसील मुख्यालयों पर काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन करेंगे।