चीन में संकट: भारतीय शेयर बाजार की कुल रकम का दोगुना हुआ 3 हफ्ते में नुकसान

नई दिल्ली: ग्रीस संकट के बाद अब दूसरी अर्थव्यवस्थाओं पर भी असर दिखना शुरू हो गया है। बुधवार को चीन के स्टॉक मार्केट 8 पर्सेंट नीचे खुले, जिसके कुछ देर बाद ट्रेडिंग रोक दी गई। चीनी शेयर मार्केट में बीते एक महीने से आए इस संकट की वजह से वहां की जीडीपी का पचास फीसदी मार्केट कैप घट गया है। बीते तीन हफ्तों में चीन के निवेशकों के करीब 3 ट्रिलियन डॉलर (19 लाख करोड़ रुपए) डूब चुके हैं। चीन का यह नुकसान भारतीय शेयर बाजार की कुल पूंजी का दोगुना और 2014 में ग्रीस की कुल जीडीपी के दस गुने से भी ज्यादा है।
भारत में भी इस सेंटिमेंट का असर दिखा और सेंसेक्स में 500 अंकों तक की गिरावट दर्ज की गई। निफ्टी भी 8350 से नीचे चला गया। बता दें कि चीनी बाजार में आई इस बड़ी गिरावट को रोकने के लिए वहां सरकार ने कुछ अतिरिक्त कदम उठाए हैं, लेकिन कोई फायदा नहीं हो रहा।
क्यों गिर रहा चीन का बाजार
> चीन के बाजार में आई इस गिरावट की बड़ी वजह देश में फॉरेन इंस्टिट्यूशनल इनवेस्टर्स (एफआईआई) की गैर मौजूदगी है। थॉमसन रॉयटर्स के आंकड़ों के मुताबिक, चीन में विदेशी निवेशकों की मुख्य इक्विटी मार्केट में हिस्सेदारी 1 पर्सेंट से भी कम है, वहीं भारत में यह 25 फीसदी के करीब है।
> शेयरों की तेज बिकवाली। सरकार ने इसे रोकने के लिए कई कदम उठाए। एक्सचेंज फीस घटाई, इंटरेस्ट रेट घटाया, लेकिन फायदा नहीं हुआ।
>जिन इनवेस्टर्स ने उधार के पैसों से चीन के मार्केट पर बड़ा दांव लगाया था, वे तेजी के अपने सौदा काट रहे हैं। दरअसल, अथॉरिटीज मार्जिन फाइनेंसिंग के नियमों को सख्त बना रही हैं जिनमें उधार के पैसों से शेयरों की खरीदारी भी शामिल है।
एक्‍सपर्ट कमेंट
जानकार इसे बबल बर्स्ट (गुब्बारा फूटना) भी मान रहे हैं। एक्सपर्ट्स के मुताबिक, बीते एक साल में चीन के आर्थिक हालात और नीतियों में कोई बदलाव नहीं हुआ। इसके बावजूद चीन का बाजार तेजी से बढ़ा और यहां की इकॉनमी दुनिया में नंबर दो बन गई। वॉशिंगटन पोस्ट के लिए डैनियल डब्ल्यू ड्रेंजनर भी लिखते हैं कि चीन का मार्केट वैल्यूएशन इसकी वास्तविक कमाई से ज्यादा है। इसके अलावा, यहां आर्थिक विकास दर में भी कमी आई है। हालिया गिरावट को जानकार बबल बर्स्ट ही मान रहे हैं।
कितना नुकसान हुआ चीन को
>19 लाख करोड़ रुपए डूबे निवेशकों के बीते तीन हफ्ते में
>50 फीसदी से ज्यादा कम हो गया मार्केट कैप चीन का
>भारत की जीडीपी (2 ट्रिलियन डॉलर) का डेढ़ गुना मार्केट कैपिटल गंवा चुका है चीन बीते दो हफ्ते में
यह भी जानिए
चीन में लाल रंग को शुभ माना जाता है। इस वजह से यहां के स्टॉक मार्केट में अन्य बाजारों के उलट निगेटिव में रहने वाले शेयरों को लाल के बजाए हरे रंग से दिखाया जाता है। शंघाई और शेंजेन में 8 जुलाई को जब बाजार खुला तो पूरे इलेक्ट्रॉनिक बोर्ड पर हरा रंग ही पसरा नजर आया।