दिल्ली-आगरा का किराया एक किलो सेब से कम, लखनऊ जाना अरहर दाल से भी सस्ता

नई दिल्ली. रेलवे ने एक चार्ट जारी किया है। इसमें सेब, फिल्म के टिकट, तेल जैसी डेली यूज के सामान के प्राइज का कम्पैरिजन रेल किराए से की गई है। ऐसा रेल पैसेंजर्स को दी जाने वाली सब्सिडी की ओर इंडीकेट करने के लिए किया गया।
कहां के किराए का कैसे किया गया है कम्पैरिजन…
दिल्ली से चंडीगढ़ का किराया 140 ग्राम टूथपेस्ट से कम
– फेयर कम्पैरिजन चार्ट के मुताबिक, पैसेंजर्स को जनरल बोगी में आगरा से दिल्ली जाने के लिए 85 रुपए खर्च करने पड़ते हैं जो एक किलो सेब के मूल्य से कम है।
– चंडीगढ़ का किराया 95 रुपए है जो 140 ग्राम टूथपेस्ट की कीमत से कम है।
– नई दिल्ली से चंडीगढ़ 266 किमी जाने का बस का किराया 350 रुपए है और दिल्ली से आगरा 194 किमी जाने का बस का किराया 280 रुपए है।
दिल्ली से जयपुर का किराया 500 एमबी इंटरनेट पैक बराबर
– जनरल डिब्बे में दिल्ली से जयपुर 303 किमी जाने का किराया 105 रुपए है इसे 500 एमबी के इंटरनेट पैक से कम्पेयर किया जा सकता है।
– अनरिजर्व जनरल बोगी में दिल्ली से देहरादून जाने का किराया 105 रुपए है। ये एक किलो रिफाइन तेल की कीमत से कम है।
– बस में दिल्ली से देहरादून और जयपुर जाने का किराया 450 और 400 रुपए है।
– नई दिल्ली से लखनऊ सेक्टर की दूरी 513 किमी है और रेल किराया 150 रुपए व बस का किराया 700 रुपए है।
लखनऊ जाने को किराया एक किलो अरहर दाल से कम
रेलवे के मुताबिक लखनऊ जाने का रेल किराया एक किलो अरहर की दाल के मूल्य से कम है। चार्ट के मुताबिक इसी प्रकार दिल्ली से अमृतसर जाने का रेल किराया 140 रुपए हैं जो एक किलो सरसों के तेल की कीमत से कम है। दिल्ली से जम्मू जाने का रेल किराया 175 रुपये है जो आधा किलो घी के मूल्य से कम है। वरिष्ठ रेलवे अधिकारी ने बताया कि रेलवे अनारक्षित जनरल बोगी में यात्रा के लिए प्रति किमी 22 पैसे से 44 पैसे तक वसूलता है। जबकि बस में प्रति किमी 89 पैसे से 1.44 रुपये तक वसूले जाते हैं।
इनपुट कास्ट बढ़ने के बाद भी किराया नहीं बढ़ाया
– एक वरिष्ठ रेलवे अधिकारी ने बताया कि कई बार ‘इनपुट कॉस्ट’ बढ़ने के बावजूद भी रेल किराया उसके अनुसार नहीं बढ़ाया गया।
– ‘खासतौर पर अनरिजर्व और सबअर्बन एरिया में किराया काफी कम रखा गया है।’
– पैसेंजर सेक्टर को हर साल 30 हजार करोड़ रुपए सब्सिडी माल भाड़े से होने वाली इनकम से मिलती है।