पीड़ित किसानों को हरसंभव सहायता

केन्द्रीय गृह मंत्री श्री राजनाथ सिंह ने कहा कि संकट की घड़ी में केन्द्र सरकार भी किसानों के साथ है। प्रधानमंत्री ने मध्यप्रदेश सहित सभी राज्यों से कहा है कि प्राकृतिक आपदा से पीड़ित किसानों को तत्परता से फौरी राहत दें।

साथ ही फसलों की सर्वे रिपोर्ट केन्द्र को भेजें। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार सर्वे रिपोर्ट के आधार पर हर-संभव सहायता मुहैया करवायेगी। श्री सिंह ने आज ग्वालियर जिले के ग्राम खेड़ा टांका में ओला प्रभावित फसलों का जायजा लिया और किसानों से रू-ब-रू होकर उन्हें ढाँढस बँधाया। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान और केन्द्रीय इस्पात एवं खान मंत्री श्री नरेन्द्र सिंह तोमर भी उनके साथ थे।

केन्द्रीय गृह मंत्री ने ओला वृष्टि से प्रभावित फसलों पर दुःख जाहिर करते हुए कहा कि ऐसी प्राकृतिक आपदा मैने पहली बार देखी है। उन्होंने किसानों से कहा कि धैर्य बनाए रखें और हिम्मत न हारें। श्री राजनाथ सिंह ने ग्राम खेड़ा टांका के सर्वश्री देवेन्द्र, रामसिंह, जागेन्द्र, सुखलाल, कुंदन सिंह एवं भारत सिंह के खेतों में पहुँचकर प्रभावित फसलों का जायजा लेकर उन्हें ढाँढस बँधाया।

मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने यह बात दोहराई कि विकास कार्य रूकते हैं तो रूक जाएँ। प्रदेश सरकार बेमौसम बारिश एवं ओलों से प्रभावित किसानों को राहत मुहैया करवाने में धन की कमी नहीं आने देगी। उन्होंने कहा कि किसानों को राजस्व पुस्तक परिपत्र के प्रावधानों के तहत राहत के साथ ही फसल बीमा का लाभ भी दिलायेंगे। इसके लिये हर प्रभावित गाँव में फसल कटाई प्रयोग करवाने के स्पष्ट निर्देश सभी जिला कलेक्टर को दिये गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले साल प्राकृतिक आपदा से पीड़ित किसानों को प्रदेश सरकार ने 3300 करोड़ रूपए की राहत बाँटी थी, जो पूरे देश में सर्वाधिक थी। इस साल भी प्रभावित किसानों को राहत देने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ी जायेगी।

श्री चौहान ने कहा कि सरकार ने प्रभावित किसानों से कर्ज की वसूली रोक दी है। साथ ही एक वर्ष तक के ब्याज की भरपाई भी सरकार द्वारा की जायेगी। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा से पीड़ित किसान की बेटी के विवाह के लिए राज्य सरकार 25 हजार रूपए देगी। पीड़ित किसानों को यह सहायता प्राप्त करने के लिये सामूहिक विवाह सम्मेलनों में बिटिया का विवाह करने का बंधन नहीं होगा। उन्होंने प्रभावित किसानों को एक रूपए किलो गेहूँ, चावल एवं नमक, चार लीटर मिट्टी का तेल और सस्ती दर पर शक्कर मुहैया करवाने की बात भी दोहराई। मुख्यमंत्री ने इस मौके पर केन्द्रीय गृह मंत्री से माँग की कि गेहूँ की खरीदी में एफएक्यू मापदण्ड (गुणवत्ता मानक) में शिथिलता केन्द्र सरकार से दिलवाई जाए। इससे किसानों को बड़ी राहत मिलेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *