मोदी ने आधी रात तक की मीटिंग, 24 नवंबर तक जरूरी सेवाओं में चलेंगे 500-1000 के नोट

नई दिल्ली. नरेंद्र मोदी ने रविवार को आधीरात के बाद अपने आवास पर सीनियर मिनिस्टर्स और टॉप अफसरों के साथ मीटिंग की। इसमें नोटबंदी का रिव्यू और इसके लोगों पर असर पर चर्चा हुई। नोटबंदी के बाद देश भर के बैंकों में लोगों की लंबी कतारें लगी हुई हैं। पैसा न मिलने के चलते लोग शिकायत करते भी नजर आ रहे हैं। इस बीच इकोनॉमिक अफेयर्स एडवाइजर शक्तिकांत दास ने कहा है कि जरूरी सेवाओं के लिए अब 24 नवंबर तक 500-1000 के नोट स्वीकार किए जाएंगे। बता दें कि मोदी ने रविवार को ही गोवा में भावुक अपील की थी- “मुझे 50 दिन दीजिए। पूरी सफाई नहीं हुई तो जिस चौराहे पर बुलाएंगे, मैं सजा भुगतने को तैयार हूं।” जेटली-राजनाथ समेत कई मंत्री हुए शामिल…
– मोदी की ये मीटिंग उनके आवास 7, लोक कल्याण मार्ग पर रात 10 बजे शुरू हुई जो आधीरात तक चली।
– मीटिंग में फाइनेंस मिनिस्टर अरुण जेटली, होम मिनिस्टर राजनाथ सिंह, I&B मिनिस्टर वेंकैया नायडू, ऊर्जा मंत्री पीयूष गोयल समेत टॉप ऑफिशियल्स भी शामिल हुए।
– मीटिंग में नोटबंदी और उससे बाद देशभर में लोगों को हो रही परेशानियों को लेकर चर्चा हुई।
– रविवार शाम को फाइनेंस मिनिस्ट्री ने ऑर्डर दिया कि एटीएम से एक बार में विद्ड्रॉल करने की लिमिट 2000 से बढ़ाकर 2500 की जाए। वहीं कैश एक्सचेंज की लिमिट को 4000 से बढ़ाकर 4500 करने के ऑर्डर दिए गए हैं।
– बैंक काउंटर्स से वीकली विद्ड्रॉल की लिमिट को 20 हजार से बढ़ाकर 24 हजार कर दिया गया है। वहीं रोज 10 हजार विद्ड्रॉल लिमिट को भी बढ़ाया गया है।
500 और 1000 रुपए के नोट पर बैन से परेशानी
– बता दें कि सरकार ने 8 नवंबर को घोषणा की थी कि आधी रात से 500 और 1000 रुपए के पुराने नोट बैन हो जाएंगे। सरकार ने ब्लैकमनी पर कंट्रोल करने के लिए यह कदम उठाया है। नोट बैन के बाद से देश भर में लोगों को कैश की परेशानी शुरू हो गई।
– सरकार ने एटीएम से रोज विद्ड्रॉल की लिमिट भी कम कर 2000 कर दी थी और पुराने नोट के बदले एक्सचेंज की लिमिट भी 4000 रुपए ही रखी थी। लेकिन, लोगों को परेशानी होने के चलते अब नियमों में बदलाव किया गया है।
– इस बीच, राहत की एक और खबर यह है कि रविवार शाम से बैंकों की ब्रांचेज से 500 रुपए के नए नोट दिए जाने लगे हैं।
– सरकारी बयान के अनुसार, 500 के नए नोटों से बैंकों पर दबाव कम होगा। सूत्रों का कहना है कि 15 नवंबर से एटीएम में भी 500 रुपए के नए नोट मिलने लगेंगे।
24 नवंबर तक स्वीकार किए जाएंगे 500-1000 के नोट
– इस बीच इकोनॉमिक अफेयर्स एडवाइजर शक्तिकांत दास ने कहा है कि अब 24 नवंबर तक जरूरी सेवाओं (पेट्रोल, दवा, हॉस्पिटल आदि) के लिए 500-1000 रु. के नोट स्वीकार किए जाएंगे। पहले ये लिमिट 14 नवंबर की आधी रात तक तय हुई थी।
गोवा में क्या बोले थे मोदी?
– रविवार को गोवा में एक प्रोग्राम के दौरान कहा, ”सरकार बनाते ही मैंने काले धन पर कदम उठाया था। मेरी कैबिनेट के पहले दिन ही मैंने एसआईटी गठित की। मैं देश को कभी अंधेरे में नहीं रखा। गलतफहमी में नहीं रखा। खुलकर ईमानदारी से बात कही। और सबको पता था कि इस फैसले से लोगों को तकलीफ होगी। 50 दिन में देश की पूरी सफाई नहीं हुई तो सजा भुगतने के लिए तैयार हूं।”
– पीएम ने कहा, ” ईमानदारी के इस काम में अपनी ताकत दिखाएं। भाइय़ों मैं जानता हूं कि मैंने कैसेी कैसी ताकतों से लड़ाई मोल ली है।
– “मैं जानता हूं कैसे-कैसे लोग खिलाफ होंगे, मुझे जिंदा नहीं छोड़ेंगे, मुझे बर्बाद कर देंगे। भाइयों, 50 दिन मेरी मदद करें।”
– “लोग कैसी-कैसी बातें मेरे बारे में कह रहे हैं, नोट बंदी पर क्या कुछ नहीं कह रहे। लेकिन, मुझे जिंदा भी जला दो मोदी को डरने वाला नहीं।”
– ”मैंने घर, परिवार, सबकुछ देश के लिए छोड़ा है। मैं कुर्सी के लिए पैदा नहीं हुआ। (यहां मोदी थोड़ा भावुक हो गए)
– मोदी ने कहा, ”आपको पता था क्या, सबको मालूम था कि ये सरकार बनने के तुरंत बाद हमने एक सुप्रीम कोर्ट से रिटायर्ड जज के नेतृत्व में SIT बनाई।”
– “सबको पता था कि ये कोई न कोई बड़ा फैसला जरूर लेगा।”
– ”दुनिया में कहां-कहां ब्लैकमनी का काम चल रहा है, इसकी जांच हो रही है।”
– ”पहले वाली सरकारें टाल रही थीं.. हमने किया। पुत्र के पांव पालने में.. जब पहले दिन ऐसा निर्णय लिया तो पता नहीं था कि आगे में क्या करने वाला हूं।”
– ”कुछ नहीं छिपाया, देश को गलतफहमी में नहीं रखा, खुलकर बात कही और ईमानदारी से।”
– ”दूसरा जरूरी काम था कि दुनिया के देशों के साथ 50-60 साल में ऐसे एग्रीमेंट हुए कि हम ऐसे बंध गए कि जानकारियां ही नहीं मिल पा रही थी।”
कालाधन लाने के लिए कई देशों से समझौता
– पीएम ने कहा, ”कुछ देशों के साथ नया एग्रीमेंट किया, अमेरिका को समझाने में सफल हुआ कि एग्रीमेंट करिए और आपकी बैंकों में किसी हिंदुस्तानी का पैसा है आता-जाता है तो हमें तुरंत पता चलना चाहिए।”
– ”दुनिया के कई देशों के साथ काम किया है। विश्व के किसी भी देश में भारत से चोरी किया गया पैसा गया है, इसको रोकने का पुरजोर प्रबंध किया है।”