हिमा दास ने तोड़ा मिल्खा सिंह और पी टी उषा का रिकॉर्ड, पीएम मोदी ने ट्वीट कर दी बधाई

भारत की हिमा दास ने फिनलैंड के टेम्पेरे में जारी आईएएफ वर्ल्ड अंडर-20 चैम्पियनशिप की महिलाओं की 400 मीटर रेस में गोल्ड जीत कर इतिहास रच दिया है।

बता दें कि हिमा दास से पहले कोई भी भारतीय महिला या पुरुष खिलाड़ी जूनियर या सीनियर किसी भी स्तर पर विश्व चैम्पियनशिप में कोई मेडल नहीं जीत सका था।

हिमा दास ने इस उपलब्धि के साथ वो कारनामा कर दिखाया जो भारत के दिग्गज खिलाड़ी मिल्खा सिंह और पीटी उषा भी नहीं कर पाए थे।

जहां मिल्खा सिंह 1960 रोम ओलिंपिक में 400 मीटर रेस में चौथे स्थान पर रहे थे। वहीं पी टी उषा ने 1984 ओलिंपिक में 400 मीटर हर्डल रेस में चौथा स्थान हासिल किया था।
भारत के एथलेटिक्स इतिहास में इन दोनों के अलावा कोई भी खिलाड़ी ट्रैक इवेंट में मेडल के करीब भी नहीं पहुंच सका है।

हिमा ने राटिना स्टेडियम में खेले गए फाइनल में 51.46 सेकेंड के समय में रेस पूरी कर भारत के लिए गोल्ड मेडल जीता। इस जीत के साथ वह इस चैम्पियनशिप के सभी आयु वर्गो में गोल्ड जीतने वाली पहली भारतीय महिला बन गई हैं।

भारतीय पीएम नरेंद्र मोदी ने हिमा दास की उपलब्धि पर बधाई देते हुए कहा कि उनकी जीत आने वाले सालों कई युवा एथलीटस के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी।

उनके शानदार प्रदर्शन को देखते हुए एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ इंडिया ने भी हिमा दास को बधाई दी है।

आपको बता दें कि हिमा मात्र 18 साल की हैं और असम की रहने वाली हैं।

इससे पहले बुधवार को हुए सेमीफाइनल में भी उन्होंने शानदार प्रदर्शन करते हुए 52.10 सेकंड में रेस पूरी कर फाइनल में जगह बनाई थी।

इसके साथ ही हिमा 2016 में भाला फेंक के स्टार खिलाड़ी नीरज चोपड़ा की सूची में शामिल हो गई जिन्होंने पिछली प्रतियोगिता में विश्व रिकॉर्ड प्रयास के साथ स्वर्ण पदक जीता था।

विश्व जूनियर चैंपियनशिप में भारत के लिए इससे पहले सीमा पूनिया (2002 में चक्का फेंक में कांस्य) और नवजीत कौर ढिल्लों (2014 में चक्का फेंक में कांस्य) पदक जीत चुके हैं।

हिमा अप्रैल में गोल्ड कोस्ट में हुए राष्ट्रमंडल खेलों की 400 मीटर स्पर्धा में तत्कालीन भारतीय अंडर 20 रिकॉर्ड 51.32 सेकेंड के समय के साथ छठे स्थान पर रही थी। वहीं राष्ट्रमंडल खेलों में भी 4X400 मीटर स्पर्धा में उन्होंने सातवां स्थान हासिल किया था।

गुवाहाटी में हाल ही में संपन्न हुए राष्ट्रीय अंतर-राज्य चैम्पियनशिप में उन्होंने 51.13 सेकेंड के साथ अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर रिकॉर्ड बनाया था।