20 दिन में 16 बिल पास कराएगी सरकार, नजरें GST पर

नई दिल्ली.संसद का मानसून सेशन सोमवार से शुरू हो गया। सरकार की कोशिश है कि किसी भी तरह रजामंदी बनाकर GST समेत अन्य अहम बिल पास करा लिए जाएं। दूसरी तरफ, अपोजिशन उत्तराखंड और अरुणाचल प्रदेश के राजनीतिक घटनाक्रम, कश्मीर हिंसा, महंगाई जैसे मुद्दों पर सरकार को घेरेगा। विपक्षी दलों के तेवर देखते हुए लगता है कि सत्र के शुरुआती दिन हंगामेदार रहेंगे। सेशन की शुरुआत के मौके पर मोदी ने कहा, ”पिछले कई दिनों से अलग-अलग दलों से बात हो रही है। हर किसी का मूड अच्छे से अच्छे निर्णय करने का है। देश को नई दिशा देने का काम संसद के इस सत्र में होना चाहिए।”
पेंडिंग हैं 56 बिल…
12अगस्त तक चलेगा मानसून सेशन। होंगी 20 बैठकें।
16बिल इस सेशन में पारित करवाने का सरकार प्रस्ताव।
03 बिल ऑर्डिनेंस की जगह लेने के लिए पेश किए जाएंगे।
56बिल पेंडिंग हैं। 11 लोकसभा, 45 राज्यसभा में।
– मोदी ने कैबिनेट में शामिल किए गए नए मंत्रियों से सांसदों का परिचय कराया।
– मध्य प्रदेश के शहडोल से सांसद दलपत सिंह परस्ते को श्रद्धांजलि दी गई।
– लोकसभा की कार्यवाही मंगलवार तक के लिए स्थगित।
– नए राज्यसभा सदस्यों ने शपथ ग्रहण की।
कश्मीर मुद्दे पर मोदी ने अपोजीशन के स्टैंड को सराहा…
– सरकार ने कहा है कि अलग-अलग मुद्दों पर चर्चा की जा सकती है। सत्र से एक दिन पहले रविवार को सरकार ने सर्वदलीय बैठक बुलाई।
– इसमें नरेंद्र मोदी ने सभी राजनीतिक दलों से आपसी मतभेदों से ऊपर उठकर जीएसटी बिल पारित करने की अपील की।
– उन्हाेंने कहा कि GST का राष्ट्रीय महत्व है। मुद्दा यह नहीं है कि इसका श्रेय किस सरकार को मिलेगा।
-उन्होंने उम्मीद जताई कि सदन में पेश होने वाले विभिन्न अहम बिलों पर सार्थक चर्चा होगी और बेहतर परिणाम निकलेंगे।
– कश्मीर मुद्दे पर एक स्वर में बोलने के लिए भी उन्होंने सभी राजनीतिक दलों का धन्यवाद किया।
16 बिल लाएगी सरकार
– संसदीय मामलों के मंत्री अनंत कुमार ने कहा, “कांग्रेस ने मेरिट के आधार पर विधेयकों का सपोर्ट करने का भरोसा दिलाया है। इस सेशन में सरकार 16 विधेयक पेश करेगी।”
– “ऑल पार्टी मीटिंग में सभी दलों ने जीएसटी बिल पर चर्चा की। हमने इस पर सहमति बनाने की कोशिश की है।”
– वेंकैया नायडू ने कहा- “जीएसटी बिल को बहुमत के बजाए सर्वसम्मति से पास किया जाना चाहिए। अगर यह सहमति से पास हुआ तो यह देश के लिए अच्छा होगा।”
कांग्रेस का क्या कहना है?
– राज्यसभा में अपोजिशन के लीडर गुलाम नबी आजाद ने कहा- “कांग्रेस देश, जन और विकास हित में किसी भी बिल का समर्थन करेगी।”
– ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा- “हम जीएसटी पर सरकार की तरफ से एक कॉन्क्रीट ड्राफ्ट प्रपोजल चाहते हैं। हम देखेंगे कि 3 विवादित मुद्दों पर उनका (सरकार) क्या कहना है।”
– इससे पहले शनिवार को सोनिया और राहुल ने पार्टी नेताओं के साथ मीटिंग कर जीएसटी समेत बाकी अहम मुद्दों पर कांग्रेस की स्ट्रैटजी तैयार की।
– मीटिंग में आजाद, सिंधिया और आनंद शर्मा के अलावा बाकी सीनियर लीडर्स ने हिस्सा लिया था।
जेटली ने की विपक्ष के नेताओं से बातचीत
– फाइनेंस मिनिस्टर अरुण जेटली की गुरुवार को कांग्रेस लीडर गुलाम नबी आजाद और आनंद शर्मा से बातचीत हुई।
– इस मुलाकात के बाद से सरकार को उम्मीद है कि जीएसटी बिल इस सेशन में पास हो जाएगा।
– बता दें कि गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (जीएसटी) बिल लोकसभा से पास हो चुका है लेकिन अब तक कांग्रेस के कड़े विरोध के चलते यह राज्यसभा में अटका हुआ है।
ये हैं अहम बिल
– सरकार मानसून सेशन में जीएसटी बिल को राज्यसभा में कॉन्स्टिट्यूशन अमेंडमेंट के लिए रखेगी।
– अन्य अहम बिल्स में कंज्यूमर प्रोटेक्शन बिल 2015, बेनामी ट्रांजैक्शन (प्रॉहिबिशन) अमेंडमेंट बिल 2015, लोक पाल एंड लोकायुक्त और अदर रिलेटेड लॉ (अमेंडमेंट बिल) शामिल हैं।