J&K: एक हफ्ते में तीसरे नागरिक की हत्या, उमर ने कहा था- रक्षा मंत्री जिम्मेदार

नई दिल्ली. जम्मू-कश्मीर के सोपोर में रविवार को एक अज्ञात बंदूकधारियों ने एक युवक की गोली मारकर हत्या कर दी। यह सोपोर में बीते एक हफ्ते में हुआ तीसरा मर्डर है। उधर, राज्य के पूर्व सीएम और नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता उमर अब्दुल्ला ने इन हत्याओं के लिए रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर के बयान को जिम्मेदार ठहराया है।

हफ्ते भर में तीन युवकों की हत्या

हत्या की ताजा वारदात सोपोर में हुई। जिसकी हत्या हुई, उसका नाम मेहराजुद्दीन है, जो पूर्व में आतंकी रह चुका है। पुलिस के मुताबिक मेहराजुद्दीन पूर्व में आतंकी रह चुका है, जिसका संबंध जेकेएलएफ से था। हालांकि वह सरेंडर कर मुख्यधारा में शामिल हो गया था। वर्तमान में वह सोपोर में ही एक पोल्ट्री फार्म चला रहा था। वारदात के बाद से कस्बे में दशहत का माहौल है, क्योंकि यह हफ्ते भर में हुई तीसरी हत्या है। पुलिस का दावा है कि युवकों को टारगेट बनाकर हत्या करने वाले ग्रुप का जल्द ही पता लगा लिया जाएगा। हालांकि अभी तक इस मामले में कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है। इससे पहले, सोपोर में शुक्रवार रात अज्ञात बंदूकधारियों ने हुर्रियत के कार्यकर्ता खुर्शीद अहमद नमी की गोली मारकर हत्या कर दी। इससे पहले मंगलवार को हुर्रियत के एक और कार्यकर्ता अल्ताफ की हत्या कर दी गई थी।

हत्याओं के लिए रक्षामंत्री का बयान जिम्मेदार: उमर

अबदुल्ला ने रक्षामंत्री मनोहर पर्रिकर के उस बयान को जिम्मेदार ठहराया है जिसमें उन्होंने कहा था कि आतंकियों को आतंक की भाषा में जवाब दिया जाएगा। शनिवार को घाटी में रैली को संबोधित करते हुए उमर ने आरोप लगाया कि आम लोगों की हत्या के पीछे रक्षा मंत्री का बयान जिम्मेदार है। उमर ने कहा कि रक्षामंत्री के बयान के बाद से ही घाटी में ऐसे हालत बन रहे हैं। उधर, अलगाववादियों ने इसके लिए भारतीय एजेंसियों को जिम्मेदार ठहराया था।

एक हफ्ते में तीसरी हत्या

सोपोर में इसी हफ्ते शुक्रवार रात अज्ञात बंदूकधारियों ने हुर्रियत कार्यकर्ता खुर्शीद अहमद नमी की गोली मारकर हत्या कर दी। इससे पहले भी मंगलवार को हुर्रियत के एक और कार्यकर्ता अल्ताफ की हत्या कर दी गई थी। जानकारी के मुताबिक शुक्रवार रात करीब नौ बजे स्वचालित हथियारों से लैस अज्ञात बंदूकधारियों ने खुर्शीद अहमद को घर से बाहर बुलाया और गोली मार दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने घायल खुर्शीद को अस्पताल पहुंचाया, जहां कुछ ही देर बाद उसकी मौत हो गई थी। मंगलवार को अल्ताफ की हत्या को भी अज्ञात बंदूकधारियों ने अंजाम दिया था।