जेटली कॉल डिटेल मामले में दो और गिरफ्तार

नई दिल्ली। भाजपा नेता अरुण जेटली के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल निकलवाने के प्रयास के मामले में दिल्ली पुलिस ने मंगलवार को दो अन्य लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार लोगों के नाम अनुराग व नितिश बताए जा रहे हैं। इस मामले में अब तक एक पुलिसकर्मी व एक प्राइवेट जासूस सहित कुल चार गिरफ्तारियां हो चुकी हैं।

जानकारी के मुताबिक अनुराग 2005 में अमर सिंह फोन टैपिंग मामले में भी शामिल था। यह पहले प्राइवेट जासूस के रूप में काम करता था और साइबर एक्सपर्ट भी है। नितिश उसी का साथी है।

इस मामले में सोमवार को नीरज राम को गिरफ्तार किया गया था। नीरज एक निजी जासूसी कंपनी में काम करता है। इस मामले में दिल्ली पुलिस के सिपाही अरविंद डबास को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है।

पुलिस सूत्रों के अनुसार, नई दिल्ली जिला पुलिस के एसीपी (ऑपरेशंस) भूप सिंह की ऑफीशियल ईमेल आइडी का इस्तेमाल कर अरुण जेटली के फोन की कॉल डिटेल निकालने का प्रयास करने वाले अरविंद डबास की नीरज से काफी घनिष्ठता है। दोनों साथ मिलकर काम करते थे। प्रारंभिक छानबीन में सामने आया है कि नीरज ने अरविंद से कई अन्य लोगों की कॉल डिटेल भी निकलवाई थी। निजी जासूसी एजेंसी में काम करने वाला नीरज इस काम की एवज में अपने ग्राहक से मोटी रकम वसूलता था। सोमवार को स्पेशल सेल आफिस में नीरज और अरविंद डबास को आमने-सामने बिठाकर पूछताछ की गई।

इस पूछताछ में कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। बताया जा रहा है कि शहर में लोगों के व्यक्तिगत, कारोबारी और राजनैतिक जीवन की गोपनीय सूचनाएं जुटाने के कार्या में लगीं कई निजी जासूसी एजेंसियों ने पुलिस के लोगों को अपने संपर्क में लिया हुआ है। पुलिसकर्मियों की मदद से मोबाइल फोन कंपनियों से डाटा हासिल कर ये एजेंसियां मोटी कमाई कर रही हैं। बदले में पुलिसकर्मियों को भी वसूली गई रकम का कुछ हिस्सा थमा दिया जाता है।